तीसरी वेव से निपटने के लिए रखें पूरी तैयारी

by sadmin
Spread the love

जीवनदीप समिति की बैठक में कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने दिये निर्देश

कहा कि आपात स्थिति में जिला अस्पताल के इंफ्रास्ट्रक्चर का प्रभावी उपयोग हो सके, इसे ध्यान में रखते हुए करें काम
दक्षिणापथ,दुर्ग।
जीवनदीप समिति की बैठक में कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए जिला चिकित्सालय को मजबूत करने की दिशा में चर्चा केंद्रित रही। कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने कहा कि थर्ड वेव की आशंका की स्थिति में चंदूलाल चंद्राकर हास्पिटल में मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर जिला प्रशासन द्वारा खड़ा किया गया है। इसके बावजूद यदि संक्रमण की गंभीरता का स्केल अधिक होता है तो जिला अस्पताल को इससे निपटने पूरी तरह से तैयार रखा जाएगा। ऐसी स्थिति में बिना समय गंवाये प्रभावी रूप से जिला अस्पताल कोरोना मैनेजमेंट का काम करने लगे, इसे सुनिश्चित करें। सिविल सर्जन ने बताया कि फिलहाल निगेटिव मरीजों के लिए पूरी व्यवस्था कर दी गई है। साथ ही कोरोना पाजिटिव चिन्हांकित किये जाने वाले नवजात शिशुओं के लिए भी एसएनसीयू में पूरी व्यवस्था है। जरूरत पड़ने पर पाजिटिव मरीजों का भी इलाज हो सके, यह भी सुनिश्चित किया जाएगा। बैठक में अपर कलेक्टर सुश्री नूपुर राशि पन्ना, सीएमएचओ डॉ. गंभीर सिंह ठाकुर, डिप्टी कलेक्टर सुश्री प्रियंका वर्मा, सिविल सर्जन डॉ. पी बालकिशोर, आरएमओ डॉ. अखिलेश यादव, जीवनदीप समिति के सदस्य श्री दिलीप ठाकुर, श्री दुष्यंत कश्यप सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे।
सदस्य ने पूछा, डेल्टा वेरियंट से निपटने किस तरह की व्यवस्था होगी- बैठक में एक सदस्य ने पूछा कि अभी दुनिया भर में और भारत में भी डेल्टा वेरियंट की चर्चा है जो तेजी से फैलता है। इसके लिए किस तरह की स्वास्थ्य सुविधाएं अपग्रेड करें। कलेक्टर ने कहा कि इलाज का प्रोटोकाल सभी वेरियंट के लिए एक जैसा ही है। हमें प्रोटोकाल के मुताबिक दवाएं और आक्सीजन की सुविधा उपलब्ध करानी होगी, साथ ही कोविड एप्रोप्रिएट बिहैवियर बहुत जरूरी है ताकि संक्रमण को बढ़ने से रोका जा सके।
कर्मचारियों का मानदेय पांच फीसदी बढ़ा- जीवनदीप समिति की बैठक में समिति में कार्यरत कर्मचारियों के वेतन में पांच प्रतिशत की बढ़ोत्तरी का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही जिला अस्पताल में कोरोना के चलते जान गंवाने वाले कर्मचारी का प्रकरण भी सदस्यों ने समिति के समक्ष रखा। सिविल सर्जन ने बताया कि इसका प्रस्ताव सीएमएचओ कार्यालय भेजा गया है। कलेक्टर ने ऐसे सभी प्रकरणों में नियमानुसार राहत देने की बात कही।
विभागों में जरूरी सुविधाओं पर समीक्षा- बैठक में सदस्यों ने नेफ्रोलाजिस्ट की आवश्यकता बताई। सदस्य दिलीप ठाकुर ने बताया कि जिला अस्पताल में नेफ्रोलाजिस्ट की सुविधा हो जाने से किडनी के मरीजों को काफी राहत मिलेगी। रेडियोलाजी डिपार्टमेंट के सामने शेड बनाने का प्रस्ताव भी पारित किया गया ताकि मरीजों के परिजनों को इंतजार करने के दौरान तकलीफ न उठानी पड़े। एमसीएच बिल्डिंग तक जाने वाली सड़क के मरम्मत के निर्देश भी कलेक्टर ने दिये। कलेक्टर ने आक्सीजन सप्लाई के जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर पर काम करने भी निर्देशित किया।

Related Articles