सिंघल इंटरप्राइजेस की जनसुनवाई को लेकर आसपास के ग्रामीणों में भारी आक्रोश

by sadmin
Spread the love

-गैर संवैधानिक एवं गैर कानूनी तरीके तथा कॉपी पेस्ट ईआईए रिपोर्ट के आधार पर किया जा रहा है लोक जनसुनवाई- राजेश सिंग मरकाम
दक्षिणापथ,रायगढ़/तमनार (सरोज श्रीवास)।
तराईमाल स्थित सिंघल इंटरप्राइजेस का इस कोरोना काल मे क्षमता विस्तार की जन सुनवाई आगामी दिनांक 28 जुलाई को रखी गई है। जिसे लेकर रायगढ़ जिले में जल जंगल जमीन एवं पर्यावरण बचाओ आंदोलन चला रहे गोंडवाना समग्र विकास क्रांति आंदोलन के राजेश सिंह मरकाम के द्वारा सिंघल इंटरप्राइजेस के प्रबंधन एवम शासन प्रशासन के ऊपर आरोप लगाते हुए बताया गया है कि यह जनसुनवाई गैर संवैधानिक तथा गैर कानूनी तरीके तथा कॉपी पेस्ट ईआईए रिपोर्ट के आधार पर किया जा रहा है।क्योंकि प्रभावित क्षेत्र संविधान के अनुच्छेद 244 (1) पांचवी अनुसूची क्षेत्र है। जहाँ क्षेत्रवासियों को स्वशासन एवं नियंत्रण का अधिकार है। पांचवी अनुसूची का पालन नहीं किया जाना तथा ग्राम सभा को दरकिनार किया जाना गैर संवैधानिक है। साथ ही उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा की यह पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 तथा संविधान के अनुच्छेद 48(क) का सीधा सीधा उल्लंघन है। तथा इसके विस्तार होने से वायु प्रदूषण अत्यधिक बढ़ जाएगा जिससे क्षेत्रवासियों के स्वास्थ एवं जनजीवन पर विपरीत असर पड़ेगा। ऐसे समय में जब देश ही नहीं पूरा विश्व पर्यावरण असंतुलन को लेकर चिंतित है। और कोरोना महामारी से पूरे विश्व में हाहाकार मची हुई है। ऐसे वक्त पर उद्योग का विस्तार कर पर्यावरण को और अत्यधिक प्रदूषित करना न्याय संगत नहीं होगा। उन्होंने कहा इस विषय को लेकर पर्यावरण अधिकारी एवं जिला कलेक्टर रायगढ़ तथा मुख्यमंत्री और महामहिम राज्यपाल को ज्ञापन देंगे तथा जरूरत पड़ी तो एनजीटी भी जाएंगे। इससे पहले हुई जनसुनवाई में भारी बवाल मचा था। कम्पनी पर लगातार आरोप लगता रहा है और आसपास के ग्रामीणों का यह भी कहना है सिंघल कंपनी कभी अपने ईएसपी मशीन को चालू नहीं किया, जिसके कारण जिसके कारण आज पर्यावरण प्रदूषण लगातार बढ़ रहा है जिसका खामियाजा आसपास के ग्रामीणों के ऊपर बीमारी के रूप में देखने को मिलता है इससे यह भी पता चलता है शासन प्रशासन एवं पर्यावरण विभाग कुंभकरण की नींद से अभी तक नहीं जाग पाया है, अब क्षमता विस्तार के बाद यह प्लांट 16 मेगावाट की जगह 40 मेगा वाट का हो जाएगा जिससे आसपास में और भी पर्यावरण प्रदूषण बढ़ जाएगा जिसके कारण लोगों में काफी आक्रोश की ज्वाला देखने को मिल रही है जिसमें ,गेरवानी सहित आसपास के प्रभावित गांव में कंपनी के विस्तार को सफल नहीं होने देने को लेकर जल जंगल जमीन एवं पर्यावरण चला रहे राजेश सिंह मरकाम से मिलकर अपनी बात रखे हैं और सिंगल इंटरप्राइजेस फैक्ट्री ने अपने बेतहाशा कमाई के चक्कर में पूरे क्षेत्र को प्रदूषित कर दिया है जिससे अंचल के प्रसिद्ध मां बंजारी धाम तीर्थ स्थल को भी नहीं छोड़ा, आपको बता दें कि हर दिन इस मंदिर में हजारों श्रद्धालु आते हैं लेकिन सिंघल इंटरप्राइजेस फैक्ट्री द्वारा फैलाए जा रहे प्रदूषण से लोगों का जीना मोहाल हो गया है जिसकी शिकायत कई बार मंदिर प्रबंधक द्वारा शासन प्रशासन से की जा चुकी है लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई अब तो हद ही हो गया क्योंकि बंजारी मंदिर से लगे मैदान में ही क्षमता विस्तार की जन सुनवाई रखी गई है सिंघल इंटरप्राइजेस रायगढ़ अंबिकापुर नेशनल हाईवे रोड पर ग्राम ,तराईमाल,गेरवानी,सड़क मार्ग से लगा हुआ है ,इस प्लान में अपने सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत कोई भी कार्य नहीं किया जिसके कारण प्लांट के सामने एनएच 3 किलोमीटर तक रोड का हाल बेहाल हो गया है प्लांट के अंदर आने वाली भारी वाहन से इस सड़क पूरी तरह से जर्जर हो गया है और बड़े-बड़े गड्ढे होने के कारण इस प्लांट के सामने आए दिन बड़ी बड़ी घटनाएं होती रहती है क्षेत्र के लोगों ने कई बार प्रबंधन से मिलकर रोड के सुधार का बात सामने रखा लेकिन आज तक इसका कोई हल नहीं निकला जिसके चलते आज जन सुनवाई को लेकर ग्रामीणों में बहुत ही आक्रोश देखने को मिल रहा है, जिसको लेकर जल जंगल जमीन पर्यावरण बचाओ आंदोलन चला रहे राजेश सिंह मरकाम के द्वारा यह भी बात कहा गया है पूरे जिले में गैर संवैधानिक तरीके से हो रहा जनसुनवाई को लेकर एनजीटी जाने एवंम जरूरत पड़ने पर अपने पूरे टीम के साथ कलेक्टर का भी घेराव करने की बात कही गई है।

Related Articles

error: Content is protected !!